Quran Quote  : 

कुरान मजीद-9:33 सुरा अत-तौबा हिंदी अनुवाद, लिप्यंतरण और तफ़सीर (तफ़सीर).

هُوَ ٱلَّذِيٓ أَرۡسَلَ رَسُولَهُۥ بِٱلۡهُدَىٰ وَدِينِ ٱلۡحَقِّ لِيُظۡهِرَهُۥ عَلَى ٱلدِّينِ كُلِّهِۦ وَلَوۡ كَرِهَ ٱلۡمُشۡرِكُونَ,

लिप्यंतरण:( huwal lazeee ar sala Rasoolahoo bilhudaa wa deenil haqqi liyuzhirahoo 'alad deeni kullihee wa law karihal mushrikoon )

वही है जिसने अपने रसूल[14] को मार्गदर्शन तथा सत्धर्म (इस्लाम) के साथ भेजा, ताकि उसे प्रत्येक धर्म पर प्रभुत्व प्रदान कर दे[15], भले ही बहुदेववादियों को बुरा लगे।

सूरा अत-तौबा आयत 33 तफ़सीर (टिप्पणी)



  • मुफ़्ती अहमद यार खान

14. रसूल से अभिप्रेत मुह़म्मद सल्लल्लाहु अलैहि व सल्लम हैं। 15. इसका सब से बड़ा प्रमाण यह है कि इस समय पूरे संसार में मुसलमानों की संख्या लग-भग दो अरब है। और अब भी इस्लाम पूरी दुनिया में तेज़ी से फैलता जा रहा है।

Ibn-Kathir

The tafsir of Surah Taubah verse 33 by Ibn Kathir is unavailable here.
Please refer to Surah Taubah ayat 32 which provides the complete commentary from verse 32 through 33.

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