लिप्यंतरण:( Mai yusraf 'anhu Yawma'izin faqad rahimah; wa zaalikal fawzul mubeen )
उस दिन जिस किसी से अज़ाब हटा दिया गया,
तो बेशक उस पर अल्लाह ने रहमत की [32]।
और यही है खुली कामयाबी।
इस आयत में बताया गया कि क़यामत के दिन
जिसको अज़ाब से बचा लिया गया,
वही है वास्तव में रहमत पाने वाला।
➡️ अल्लाह की सबसे बड़ी रहमत यह है कि
बंदा उसके अज़ाब से महफूज़ कर दिया जाए।
❗ क्योंकि अगर किसी पर अज़ाब आ गया,
तो वो रहमत से महरूम हो गया।
➡️ और जिसने अज़ाब से निजात पाई,
उसने कामयाबी की सबसे ऊँची मंज़िल पा ली।
The tafsir of Surah Al-Anam verse 16 by Ibn Kathir is unavailable here.
Please refer to Surah Anam ayat 12 which provides the complete commentary from verse 12 through 16.

सूरा आयत 16 तफ़सीर (टिप्पणी)